Bihar Rasid Online: लगान रसीद कैसे कटे और निकालें (पटना 2026)
सीधा जवाब: बिहार में ज़मीन का लगान (भू-लगान) अब ऑनलाइन भरा जाता है। www.bhulagan.bihar.gov.in पर "ऑनलाइन भुगतान करें" खोलें, ज़िला पटना, अपना अंचल, हल्का और मौज़ा चुनें, फिर खाता, खेसरा (प्लॉट), जमाबंदी नंबर या रैयत के नाम से अपनी जमाबंदी खोजें। "देखें" दबाने पर बकाया लगान दिखेगा। नाम, मोबाइल और पता भरकर भुगतान करें। भुगतान सफल होते ही लगान रसीद मिल जाती है।
पटना में "रसीद कटवाना" तीन मौक़ों पर सबसे ज़्यादा ज़रूरी होता है: ज़मीन ख़रीदने के बाद दाखिल-खारिज होने पर अपने नाम से पहली रसीद लेना, LPC जैसे काम से पहले बकाया लगान भरना, और प्लॉट ख़रीदने से पहले विक्रेता के नाम की रसीद जाँचना। नीचे तीनों का तरीका है।
लगान और लगान रसीद क्या है?
लगान वह सालाना किराया (भू-राजस्व) है जो रैयत अपनी ज़मीन के लिए सरकार को देता है। हर जमाबंदी में उस ज़मीन का लगान तय रहता है। राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग की बुकलेट के अनुसार बिहार में भू-लगान का भुगतान बिहार काश्तकारी अधिनियम, 1885 की धारा 24 के तहत होता है और इसकी प्रक्रिया अब पूरी तरह ऑनलाइन है।
लगान रसीद (आम बोलचाल में "रसीद" या "मालगुज़ारी रसीद") इस भुगतान का सबूत है। रसीद जमाबंदी के नाम से कटती है, यानी रसीद से पता चलता है कि आज सरकारी रिकॉर्ड में ज़मीन किसके नाम दर्ज है और लगान कब तक भरा गया।
ध्यान दें: शहर में मकान या फ़्लैट का होल्डिंग टैक्स नगर निगम को जाता है; वह लगान से अलग है। यह लेख सिर्फ़ ज़मीन के भू-लगान और उसकी रसीद के बारे में है।
पटना में लगान रसीद ऑनलाइन कैसे कटे? (स्टेप बाय स्टेप)
- पोर्टल खोलें: www.bhulagan.bihar.gov.in खोलें (या biharbhumi.bihar.gov.in पर "भू-लगान" पर क्लिक करें)। मेन्यू में "ऑनलाइन भुगतान करें" (Pay Online Lagaan) चुनें।
- ज़िला और अंचल: ज़िला Patna और अपना अंचल चुनें (जैसे दानापुर, फुलवारी, संपतचक, पटना सदर, बिहटा, नौबतपुर), फिर "आगे बढ़े" दबाएँ। आपका अंचल पुरानी रसीद या केवाले में लिखा होता है।
- हल्का और मौज़ा चुनें।
- खोजने का तरीका चुनें: पोर्टल पर ये विकल्प हैं: भाग-वर्तमान पृष्ठ संख्या, वर्तमान रैयत का नाम, प्लॉट (खेसरा) नंबर, खाता नंबर, जमाबंदी संख्या, कंप्यूटरीकृत जमाबंदी संख्या, या पूरे मौज़ा का पंजी-2 नाम के अनुसार। जो नंबर पुरानी रसीद में है, उसी से खोजें; वह सबसे पक्का है।
- सुरक्षा कोड (जोड़ का छोटा सवाल) भरें और "खोजें" दबाएँ।
- सूची में अपनी जमाबंदी के आगे "देखें" दबाएँ। जमाबंदी और लगान की पूरी जानकारी दिखेगी; "बकाया देखें" से बकाया राशि देखें। नाम, खाता, खेसरा और रकबा अपने कागज़ से मिला लें।
- अपना नाम, मोबाइल नंबर और पता भरें और "ऑनलाइन भुगतान करें" दबाएँ।
- भुगतान का तरीका चुनें (नीचे टेबल), पैसे भरें, और भुगतान सफल होने पर जो रसीद मिले, उसे सेव या प्रिंट करके सँभाल लें। Transaction ID भी लिख लें।
लगान किन बैंकों, UPI या कार्ड से भर सकते हैं?
विभाग की बुकलेट के अनुसार भुगतान के दो रास्ते हैं:
| तरीका | किससे | रसीद कब मिलेगी |
|---|---|---|
| ई-पेमेंट: नेट बैंकिंग | सिर्फ़ PNB, IDBI, SBI, यूनियन बैंक (UBI), केनरा बैंक, बैंक ऑफ़ बड़ौदा | सफल भुगतान के तुरंत बाद |
| ई-पेमेंट: UPI | SBI के ज़रिए | सफल भुगतान के तुरंत बाद |
| ई-पेमेंट: डेबिट/क्रेडिट कार्ड | SBI के ज़रिए | सफल भुगतान के तुरंत बाद |
| बैंक चालान | सिर्फ़ PNB और SBI की शाखा के काउंटर पर | बैंक में जमा होने के बाद, जमाबंदी पंजी पेज पर रसीद दिखेगी |
बैंकों की यह सूची बदल सकती है; भुगतान वाले पेज पर जो विकल्प दिखें, वही अंतिम मानें।
पैसा कट गया पर रसीद नहीं आई तो क्या करें?
पोर्टल ख़ुद यह साफ़ लिखता है: भुगतान फ़ेल या लंबित (Pending) दिखे तो दोबारा भुगतान न करें, पहले उसकी स्थिति जाँचें।
- भू-लगान पोर्टल के मेन्यू में "लंबित भुगतान देखें" (Failed Transaction Status) खोलें।
- अपनी Transaction ID डालकर "Verify" दबाएँ। भुगतान सफल निकला तो रसीद जारी हो जाएगी।
- Transaction ID नहीं है? ऊपर वाले तरीके से अपनी जमाबंदी खोजें और "पिछला भुगतान देखें" दबाएँ। वहाँ पिछले सभी भुगतानों की Depositor ID और Transaction ID मिल जाएगी; उससे स्थिति जाँचें।
- फिर भी हल न हो तो पोर्टल पर दी गई शिकायत ईमेल lagaancomplaint@gmail.com पर Transaction ID, तारीख़, रकम और जमाबंदी का विवरण लिखकर भेजें, या बिहारभूमि पर "शिकायत दर्ज करें (Raise a Ticket)" का इस्तेमाल करें। बैंक स्टेटमेंट का स्क्रीनशॉट साथ रखें।
पुरानी लगान रसीद कैसे निकालें या जाँचें?
- अपनी पुरानी रसीद: भू-लगान पोर्टल पर जमाबंदी खोलकर "पिछला भुगतान देखें" में पुराने भुगतान दिखते हैं। चालान से भरे लगान की रसीद, बुकलेट के अनुसार, जमाबंदी पंजी पेज से देखी जा सकती है।
- लगान कब तक भरा है: बिहारभूमि पर "जमाबंदी पंजी देखें" से किसी भी जमाबंदी में तय लगान और बकाया/भुगतान की जानकारी बिना लॉगिन दिखती है। तरीका: जमाबंदी, खतियान, LPC ऑनलाइन कैसे देखें।
- जमाबंदी ऑनलाइन है ही नहीं, या उसमें ग़लती है: विभाग के अनुसार इसके लिए परिमार्जन प्लस पर ज़रूरी कागज़ के साथ सुधार या ऑनलाइन करने का आवेदन दें। जब तक जमाबंदी ठीक नहीं होगी, सही रसीद नहीं कटेगी।
पटना में प्लॉट ख़रीदने से पहले रसीद में क्या देखें?
| क्या जाँचें | सही हो तो | गड़बड़ हो तो |
|---|---|---|
| रसीद और जमाबंदी किसके नाम है | विक्रेता (या जिनसे उसे ज़मीन मिली, उनके कागज़ पूरे हैं) | किसी और के नाम: दाखिल-खारिज या बँटवारा अधूरा है, पहले वह ठीक करवाएँ |
| खाता, खेसरा, रकबा | केवाले और खतियान से मेल खाता है | रकबा कम या खेसरा अलग: सौदे से पहले स्पष्ट करें |
| लगान कब तक भरा | ताज़ा साल तक | सालों का बकाया: विक्रेता से रजिस्ट्री से पहले भरवाएँ |
| रसीद ऑनलाइन रिकॉर्ड से मिलती है? | पोर्टल पर वही जमाबंदी और भुगतान दिखता है | हाथ वाली रसीद पोर्टल से मेल नहीं खाती: रुकें और पूरी जाँच करवाएँ |
जमाबंदी पंजी में यह भी दिखता है कि उस जमाबंदी पर ऑनलाइन दर्ज कोई भूमि बंधक (लोन), अंचल स्तर पर हुआ बदलाव या राजस्व न्यायालय का मामला तो नहीं है। रसीद के साथ यह भी देख लें।
याद रखें: अकेली रसीद मालिकाना हक़ का पूरा सबूत नहीं है। रसीद के साथ खतियान, केवाले की कड़ी, दाखिल-खारिज और ज़मीन पर कब्ज़ा भी देखें। पूरी लिस्ट: पटना में प्लॉट ख़रीदने से पहले पूरी गाइड।
लगान रसीद कटवाते समय आम गलतियाँ
| गलती | क्या होता है | क्या करें |
|---|---|---|
| ग़लत अंचल या मौज़ा चुनना | जमाबंदी नहीं मिलती | पुरानी रसीद या केवाले में लिखा अंचल-मौज़ा चुनें |
| भुगतान अटकने पर दोबारा पैसे भरना | दो बार पैसा कट सकता है | पहले "लंबित भुगतान देखें" में Transaction ID से स्थिति जाँचें |
| ख़रीद के बाद दाखिल-खारिज से पहले रसीद कटवाना | रसीद पुराने मालिक के नाम कटती है | पहले दाखिल-खारिज, फिर अपने नाम से रसीद |
| रसीद की PDF न सँभालना | बाद में सबूत ढूँढना पड़ता है | हर साल की रसीद सेव या प्रिंट करके रखें |
- भू-लगान पोर्टल, राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार: "ऑनलाइन भुगतान करें" (खोज के विकल्प, सुरक्षा कोड), "लंबित भुगतान देखें" (Failed Transaction Status, Transaction ID से Verify, "पिछला भुगतान देखें", दोबारा भुगतान न करने की सूचना), शिकायत ईमेल lagaancomplaint@gmail.com — www.bhulagan.bihar.gov.in
- "बिहारभूमि: ऑनलाइन सेवाओं का सम्पूर्ण विवरण" (बुकलेट V1.1), राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग: पेज 11 (भू-लगान भुगतान की प्रक्रिया, बिहार काश्तकारी अधिनियम 1885 की धारा 24, बैंक और भुगतान के विकल्प, रसीद न आने पर क्या करें), पेज 28 (जमाबंदी पंजी में दिखने वाली जानकारी), पेज 29 (जमाबंदी में ग़लती या ऑनलाइन न होने पर परिमार्जन प्लस) — PDF
- नागरिक सुविधाओं के बारे में जानकारी, भाग-3: "घर बैठे अपनी जमीन का लगान Online भुगतान करें" — PDF
- बिहारभूमि FAQ: क्रम 3 "Process to Pay Online Bhu-Lagan" (फ़्लोचार्ट), क्रम 4 "Process to file Land Possession Certificate" (अद्यतन लगान भुगतान के बिना ऑनलाइन LPC का आवेदन नहीं), क्रम 12 "FAQ of Jamabandi and Parimarjan" (जमाबंदी पंजी में निर्धारित लगान, भुगतान, रसीद और तिथि की प्रविष्टि; लगान की ग़लती का सुधार परिमार्जन प्लस से) — FAQ पेज
- सभी पोर्टल और दस्तावेज़ 26-27.10.2026 को खोलकर जाँचे गए।
आपको क्या करना चाहिए? (हमारी सलाह)
- हर साल लगान भरें और रसीद सँभालें। विभाग के अनुसार अद्यतन लगान भरे बिना ऑनलाइन LPC का आवेदन नहीं होता, और बकाया देखकर ख़रीदार को भी शक होता है।
- ज़मीन ख़रीदी है तो पहले दाखिल-खारिज करवाएँ, फिर अपने नाम से पहली रसीद कटवाएँ। तब तक सरकारी रिकॉर्ड में ज़मीन पुराने मालिक के नाम रहती है।
- प्लॉट ख़रीदने से पहले विक्रेता की दी हुई रसीद पर भरोसा न करें; वही जमाबंदी पोर्टल पर ख़ुद खोलकर मिलाएँ।
- बेचने वाले हैं तो पहले बकाया लगान और जमाबंदी की ग़लतियाँ ठीक करें: ज़मीन बेचने से पहले कागज़ कैसे ठीक करें। अंचल कार्यालय का नंबर: पटना अंचल अधिकारी (CO) सूची।
- बाहर रहते हैं और जमाबंदी या रसीद में गड़बड़ समझ नहीं आ रही? हम आपकी जमाबंदी, रसीद और पूरे कागज़ जाँच सकते हैं।
लगान रसीद से जुड़े सवाल-जवाब
- बिहार में रसीद ऑनलाइन कैसे कटे?
www.bhulagan.bihar.gov.in पर "ऑनलाइन भुगतान करें" खोलें, ज़िला, अंचल, हल्का और मौज़ा चुनें, खाता, खेसरा, जमाबंदी नंबर या नाम से जमाबंदी खोजें, "देखें" दबाकर बकाया देखें, फिर नाम, मोबाइल और पता भरकर भुगतान करें। सफल भुगतान पर रसीद मिल जाती है।
- लगान रसीद डाउनलोड कैसे करें?
ई-पेमेंट सफल होते ही रसीद मिलती है; उसी समय सेव या प्रिंट कर लें। बाद में भू-लगान पोर्टल पर अपनी जमाबंदी खोलकर "पिछला भुगतान देखें" में पुराने भुगतान देख सकते हैं। चालान से भरे लगान की रसीद जमाबंदी पंजी पेज पर दिखती है।
- लगान का पैसा कट गया पर रसीद नहीं आई, क्या करें?
दोबारा भुगतान न करें। पोर्टल पर "लंबित भुगतान देखें" में Transaction ID डालकर Verify करें; भुगतान सफल हो तो रसीद जारी हो जाएगी। Transaction ID नहीं है तो जमाबंदी खोजकर "पिछला भुगतान देखें" से निकालें। हल न हो तो lagaancomplaint@gmail.com पर लिखें।
- ऑनलाइन लगान किन बैंकों से भर सकते हैं?
विभाग की बुकलेट के अनुसार नेट बैंकिंग सिर्फ़ PNB, IDBI, SBI, यूनियन बैंक, केनरा बैंक और बैंक ऑफ़ बड़ौदा से होती है। UPI और डेबिट/क्रेडिट कार्ड SBI के ज़रिए चलते हैं। बैंक चालान से भुगतान सिर्फ़ PNB और SBI में होता है।
- जमाबंदी ऑनलाइन नहीं मिल रही तो लगान कैसे भरें?
पहले अंचल, हल्का और मौज़ा दोबारा जाँचें और दूसरे विकल्प (खाता, खेसरा, नाम) से खोजें। जमाबंदी सच में ऑनलाइन नहीं है या उसमें ग़लती है तो परिमार्जन प्लस पर कागज़ के साथ आवेदन दें। उसके बाद ही रसीद ऑनलाइन कटेगी।
- ज़मीन ख़रीदने के बाद अपने नाम से रसीद कब कटेगी?
दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) होकर जमाबंदी आपके नाम बनने के बाद। उससे पहले रसीद पुराने मालिक के नाम ही कटती है। इसलिए रजिस्ट्री के बाद सबसे पहले दाखिल-खारिज का आवेदन दें।
- क्या लगान रसीद ज़मीन के मालिकाना हक़ का सबूत है?
रसीद बताती है कि सरकारी रिकॉर्ड (जमाबंदी) में ज़मीन किसके नाम दर्ज है और लगान भरा गया है। पर अकेली रसीद पूरा सबूत नहीं है; ख़रीदने से पहले खतियान, केवाले की कड़ी, दाखिल-खारिज और कब्ज़ा भी जाँचें।
यह लेख 27 अक्टूबर 2026 को राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग, बिहार के भू-लगान पोर्टल, बिहारभूमि बुकलेट (V1.1) और नागरिक सूचना भाग-3 को देखकर लिखा गया है। पोर्टल के मेन्यू, बैंक और भुगतान के विकल्प बदल सकते हैं; भुगतान के समय पोर्टल पर बताई जानकारी ही अंतिम मानें। यह सामान्य जानकारी है, क़ानूनी सलाह नहीं। बड़ा सौदा करने से पहले अपने कागज़ किसी जानकार से जाँच करवाएँ।